| ISBN | 9789352663767 |
|---|---|
| Lekhak | |
| Prakashak |
लोक व्यवहार (डेल कारनेगी)
200.00
एक सफल नेता बनने के लिए किसी व्यक्ति को न केवल बढि़या काम करना जरूरी है, बल्कि उसके साथ में एक प्रभावशाली वक्ता होना भी आवश्यक है। सफल नेताओं को अपने फैसलों और शब्दों, दोनों पर पूरा विश्वास होता है। मानव मनोविज्ञान की गहन समझ डेल कारनेगी को अपने पाठकों को जीवन में एक सही और फलदायी विकल्प चुनने में पथ-प्रदर्शन में सक्षम बनाती है।
यह पुस्तक ‘‘लोक व्यवहार ः प्रभावशाली व्यक्तित्व की कला’’ पाठकों को जिज्ञासोत्तेजक वक्तव्य की कला सिखाते हुए उन्हें एक प्रभावशाली नेता बनने में महत्तवपूर्ण भूमिका निभाती है।
(24 नवंबर, 1888-1 नवंबर, 1955)
विश्व-प्रसिद्ध अमेरिकी लेखक एवं व्याख्यानकर्ता, जिन्होंने व्यक्तित्व विकास, सेल्समैनशिप प्रशिक्षण, कॉरपोरेट ट्रेनिंग, सार्वजनिक भाषण कला तथा आत्मविकास के विभिन्न कोर्स प्रारंभ किए, जो अत्यंत लोकप्रिय हुए। उनकी पहली पुस्तक ‘हाउ टु विन फ्रेंड्स ऐंड इन्फ्लुएंस पीपल’ 1936 में प्रकाशित हुई, जिसे जबरदस्त सफलता मिली और वह अंतरराष्ट्रीय बेस्टसेलर पुस्तक बनी तथा आज तक बनी हुई है। उन्होंने अब्राहम लिंकन की एक जीवनी ‘लिंकन ः दि अननोन’ के अलावा कई अन्य बेस्टसेलर पुस्तकें लिखी हैं।

छह स्वर्णिम पृष्ठ
Geet Gunjan
Gangasati
Samrat Chandragupt Maurya
Tana Riri
Ek Sarthak Vikalp Ekatma Manav Darshan
Akhbar Jagat ane Aapne
Anuben Thakkar
Vibhajan ni karunantika
Shree Guruji
Dr Hedgevar
Indulal Yagnik
Baba Saheb Devras
Rashtriya Swayamsewak Sangh 



Reviews
There are no reviews yet.